पौड़ी/देहरादून:उत्तराखंड के बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड में न्याय की आस लगाए बैठे परिजनों से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आ रही है। अंकिता भंडारी के परिजन कांग्रेस नेता राहुल गांधी से मुलाकात करने के लिए अपने गांव से पौड़ी पहुंचे हैं। बताया जा रहा है कि इस मुलाकात को पूरी तरह से गोपनीय (सीक्रेट) रखा गया है।न्याय की लड़ाई को धार देने की कोशिशसूत्रों के मुताबिक, अंकिता के माता-पिता लंबे समय से अपनी बेटी के लिए इंसाफ की गुहार लगा रहे हैं। इस बेहद गोपनीय मुलाकात के पीछे का मुख्य उद्देश्य न्याय की इस लड़ाई को राष्ट्रीय स्तर पर और मजबूती देना है। माना जा रहा है कि परिजन राहुल गांधी से मिलकर इस पूरे मामले में उनका सहयोग, मार्गदर्शन और राजनीतिक व सामाजिक समर्थन मांगेंगे, ताकि दोषियों को सख्त से सख्त सजा दिलाई जा सके।राजनीतिक गलियारों में हलचल तेजइस गुपचुप मुलाकात की खबर सामने आते ही उत्तराखंड के राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है।विपक्ष का रुख: कांग्रेस इस मुद्दे को पहले भी विधानसभा से लेकर सड़क तक जोर-शोर से उठाती रही है। राहुल गांधी से परिजनों की इस मुलाकात के बाद कांग्रेस इस मुद्दे पर सरकार को घेरने की रणनीति को और आक्रामक कर सकती है।सामाजिक प्रतिक्रिया: अंकिता भंडारी मामले को लेकर देवभूमि के लोगों में पहले से ही काफी आक्रोश है। परिजनों के इस कदम को न्याय पाने के लिए हर संभव दरवाजा खटखटाने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।क्या है अंकिता भंडारी मामला?ऋषिकेश के एक रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट के तौर पर काम करने वाली 19 वर्षीय अंकिता भंडारी की सितंबर 2022 में संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या कर दी गई थी। इस मामले में रिजॉर्ट मालिक और उसके साथियों पर गंभीर आरोप हैं, और मामला अदालत में विचाराधीन है।अब देखना यह होगा कि राहुल गांधी और अंकिता के परिजनों की इस गोपनीय मुलाकात के बाद इस मामले में क्या नया मोड़ आता है और कांग्रेस इस लड़ाई को आगे किस तरह ले जाती है।पल-पल की अपडेट्स के लिए बने रहिए हमारी वेबसाइट के साथ।