श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोपरि, विश्वस्तरीय स्वरूप देने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़े विकास कार्य
जिलाधिकारी ने निर्माण एवं सौंदर्यीकरण कार्यों का किया स्थलीय निरीक्षण
पौड़ी | 07 जनवरी 2026
जनपद पौड़ी स्थित पौराणिक एवं आस्था के प्रमुख केंद्र राहु मंदिर को अंतरराष्ट्रीय धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किए जाने की दिशा में प्रशासन द्वारा ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने सोमवार को राहु मंदिर परिसर में चल रहे निर्माण एवं विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया और कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता व व्यवस्थाओं का गहन जायज़ा लिया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी निर्माण एवं विकास कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता मानकों के अनुरूप पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा एवं आध्यात्मिक अनुभूति इस परियोजना की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
जिलाधिकारी ने अवगत कराया कि पूर्व निरीक्षण के उपरांत राहु मंदिर के समग्र जीर्णोद्धार एवं विकास हेतु विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कराई गई थी, जिसे प्राथमिकता के आधार पर स्वीकृति प्रदान की गई। इसके पश्चात संबंधित विभागों एवं हितधारकों के साथ समन्वय बैठक आयोजित कर मंदिर के स्वरूप, सुविधाओं एवं विकास की दिशा तय की गई। अभियंताओं की टीम द्वारा विभिन्न चरणों में तकनीकी निरीक्षण कर निर्माण कार्यों को गुणवत्ता मानकों के अनुरूप सुनिश्चित किया गया, जिसके बाद आवश्यक धनराशि स्वीकृत कर कार्यों को सुव्यवस्थित रूप से आगे बढ़ाया गया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पुजारियों से संवाद कर उनकी आवासीय सुविधाओं, श्रद्धालुओं के लिए प्रस्तावित धर्मशाला, विद्युत एवं पेयजल व्यवस्था की समीक्षा की तथा पहाड़ी स्थापत्य शैली में अन्य कक्षों के विकास पर विशेष जोर दिया। उन्होंने बताया कि मंदिर को दिव्य एवं भव्य स्वरूप देने के लिए विशाल प्रांगण, आकर्षक परिक्रमा पथ, वेटिंग रूम, प्रसाधन गृह, शू-रैक, बैठने की व्यवस्था सहित अनेक आधुनिक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं।
जिलाधिकारी ने सड़क से मंदिर तक के संपर्क मार्ग को चौड़ा एवं सुदृढ़ करने, मुख्य सड़क पर निर्माणाधीन प्रवेश द्वार को पहाड़ी स्थापत्य शैली में विकसित करने तथा सीढ़ियों को सुरक्षित, चौड़ा एवं आकर्षक स्वरूप देने के निर्देश दिए। इसके साथ ही श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु उपयुक्त पार्किंग स्थल के चिन्हांकन एवं विकास पर भी बल दिया गया।
उन्होंने संपूर्ण मंदिर परिसर में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु हाईमास्ट लाइट लगाए जाने तथा समग्र सौंदर्यीकरण कार्यों के दौरान मंदिर के पौराणिक, धार्मिक एवं प्राकृतिक स्वरूप को सुरक्षित रखने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि विकास और संरक्षण के बीच संतुलन बनाए रखना इस परियोजना का मूल उद्देश्य है।
इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी ने निर्माणाधीन घाट का निरीक्षण करते हुए राहु शिला तक सुरक्षित पहुंच सुनिश्चित करने हेतु रेलिंग युक्त प्लेटफॉर्म एवं पुल निर्माण के निर्देश दिए। उन्होंने पुल के नीचे नियमित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा नदी में कूड़ा न डालने के लिए स्थानीय लोगों को जागरूक करने पर भी जोर दिया।
मंदिर समिति के अध्यक्ष विनोद सिंह रावत ने मंदिर परिसर में हो रहे विकास एवं सौंदर्यीकरण कार्यों की सराहना की। वहीं ग्रामीण निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता सुनील जोशी ने स्वीकृत नक्शे के अनुरूप कार्यों की प्रगति की जानकारी जिलाधिकारी को दी।
निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सदस्य डॉ. शिवचरण नौडियाल, संयुक्त मजिस्ट्रेट दीक्षित जोशी, जिला पर्यटन विकास अधिकारी खुशाल सिंह नेगी सहित अन्य अधिकारी, कर्मचारी एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।