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गुलदार प्रभावित क्षेत्रों में बच्चों की सुरक्षा कड़ी, जिलाधिकारी ने बनाई समन्वित कार्ययोजना
बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता — एस्कॉर्ट व्यवस्था प्रभावी करने के स्पष्ट निर्देश
पौड़ी, 12 दिसंबर 2025।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा दिए गए निर्देशों के बाद जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने जिला सभागार में सभी विकासखंडों के शिक्षाधिकारियों के साथ बैठक कर गुलदार प्रभावित क्षेत्रों में बच्चों की सुरक्षा व्यवस्था की उच्च स्तरीय समीक्षा की। उन्होंने घर से स्कूल तक बच्चों की एस्कॉर्ट व्यवस्था को सख्ती से लागू करने और इसकी अद्यतन जानकारी नियमित रूप से उपलब्ध कराने के निर्देश जारी किए।
शिक्षा विभाग नोडल—सुरक्षा उपायों की सीधी निगरानी
जिलाधिकारी ने कहा कि पूरे सुरक्षा अभियान में शिक्षा विभाग नोडल विभाग रहेगा और वन विभाग, ग्राम प्रहरी, विद्यालय प्रबंधन समिति सहित अन्य विभागों के साथ समन्वय कर सुरक्षा उपायों की निगरानी करेगा। उन्होंने निर्देश दिया कि ऐसे विद्यालयों की सूची तुरंत उपलब्ध कराई जाए, जहां एस्कॉर्ट व्यवस्था की अतिरिक्त आवश्यकता है।
वन विभाग ने संवेदनशील क्षेत्रों में 2640 किलो चारा वितरित किया
वन विभाग द्वारा उपलब्ध कराए गए अत्यधिक प्रभावित क्षेत्रों के आकलन के आधार पर अब तक 2640 किलो चारा वितरित किया जा चुका है। जिलाधिकारी ने वन विभाग को सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने और पंचायती राज विभाग को स्कूल मार्गों व आसपास की झाड़ियों की तत्काल कटान करने के निर्देश भी दिए।
शिक्षक भी बच्चों के साथ चलेंगे एस्कॉर्ट
जिलाधिकारी ने सभी शिक्षकों को निर्देशित किया कि वे बच्चों के साथ एस्कॉर्ट के रूप में पैदल मार्ग पर साथ चलें। संबंधित कर्मचारियों की जिम्मेदारियां स्पष्ट रूप से तय करने के भी आदेश दिए गए।
साथ ही कहा गया कि जहाँ आवश्यकता हो, वहाँ सोलर लाइट लगाने के प्रस्ताव तुरंत भेजे जाएँ और संबंधित अधिकारी इसकी कार्रवाई बिना देरी सुनिश्चित करें।
संवेदनशील विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण अनिवार्य
उन्होंने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों के संवेदनशील विद्यालयों का फील्ड निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
उपजिलाधिकारियों को भी राजस्व विभाग, पंचायत विभाग, ग्राम प्रहरी एवं वन विभाग के साथ अंतर-विभागीय समन्वय को मजबूत करने के निर्देश दिए गए, ताकि बच्चों की आवाजाही सुरक्षित रहे।
कम छात्र संख्या वाले गांवों में अस्थायी विद्यालय संचालित करने की अनुमति
सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी ने शिक्षा विभाग को निर्देश दिया कि जहां छात्र संख्या कम हो, वहां गांव स्तर पर अस्थायी विद्यालय संचालित करने का विकल्प लागू किया जा सकता है।
बैठक में वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी गिरीश गुणवंत, सीओ तुषार बोरा, एसडीओ वन आयशा बिष्ट, सभी खंड विकास अधिकारी तथा खंड शिक्षा अधिकारी मौजूद रहे, जबकि सभी उपजिलाधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े।