देहरादून: उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री, पूर्व केंद्रीय मंत्री और भारतीय सेना के जांबाज ‘मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी (सेनि.)’ की अंतिम यात्रा में आज जनसैलाब उमड़ पड़ा। राजनीति में ईमानदारी, सादगी और सैन्य अनुशासन की मिसाल रहे खंडूड़ी जी को नम आंखों से अंतिम विदाई दी गई। उनकी अंतिम यात्रा के दौरान पूरा वातावरण ‘खंडूड़ी जी अमर रहें’ के नारों से गुंजायमान रहा।सीएम धामी समेत दिग्गज नेताओं ने दिया कंधाअंतिम यात्रा में प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत, विधायक दिलीप रावत, मनीष खंडूरी सहित भाजपा के तमाम वरिष्ठ नेता, कार्यकर्ता और भारी संख्या में आम समर्थक शामिल हुए। मुख्यमंत्री धामी ने पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी और कंधा भी दिया।भावुक कर देने वाला था माहौल, उमड़ी भारी भीड़अंतिम यात्रा के दौरान देश और प्रदेश के प्रति उनकी सेवाओं को याद करते हुए माहौल बेहद भावुक हो गया। भारी भीड़ के बावजूद पूरी यात्रा में सैन्य अनुशासन और गहरा सम्मान देखने को मिला। उत्तराखंड की जनता अपने चहेते नेता और ‘साफ-सुथरी राजनीति के पुरोधा’ के अंतिम दर्शन के लिए सड़कों पर खड़ी नजर आई।सादगी और ईमानदारी का एक युग समाप्तमेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी का जाना उत्तराखंड की राजनीति के लिए एक अपूरणीय क्षति है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि खंडूड़ी जी का जीवन हम सभी के लिए प्रेरणापुंज है। उन्होंने सैनिक के रूप में देश की रक्षा की और एक राजनेता के रूप में उत्तराखंड के विकास को नई दिशा दी। उनकी ईमानदारी और सादगी को हमेशा याद रखा जाएगा।