पौड़ी | 13 अगस्त 2026: कांवड़ यात्रा के सफल समापन के उपरांत मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन और जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया के निर्देशन में प्रसिद्ध नीलकंठ क्षेत्र में एक विशाल स्वच्छता अभियान चलाया गया। प्रातः 9 बजे से शुरू हुए इस विशेष अभियान के तहत नीलकंठ मंदिर परिसर, मुख्य पैदल मार्गों, पार्किंग स्थलों, सड़क किनारों और यात्रा के दौरान बने अस्थायी विश्राम शिविरों की गहन सफाई की गई।
अभियान की प्रमुख बातें:
- व्यापक सफाई व्यवस्था: यात्रा के दौरान एकत्र हुए कूड़े-कचरे को हटाकर निर्धारित प्रक्रिया के तहत उसका त्वरित निस्तारण कराया गया।
- जनभागीदारी और श्रमदान: जिला पंचायत के स्वच्छता कर्मियों के साथ-साथ स्थानीय जनप्रतिनिधियों, व्यापार मंडल, मंदिर समिति और टैक्सी यूनियन के पदाधिकारियों व नागरिकों ने बढ़-चढ़कर श्रमदान किया।
- उद्देश्य: नीलकंठ क्षेत्र की धार्मिक गरिमा, स्वच्छता और प्राकृतिक सुंदरता को पुनर्स्थापित करना।
प्रशासनिक संदेश एवं भावी योजना
उपजिलाधिकारी चतर सिंह चौहान ने स्पष्ट किया कि नीलकंठ महत्वपूर्ण धार्मिक आस्था के साथ-साथ प्रमुख पर्यटन स्थल भी है। श्रद्धालुओं और पर्यटकों को स्वच्छ वातावरण देने के लिए यहाँ नियमित सफाई और कचरा प्रबंधन की व्यवस्था लागू रखी जाएगी।
जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने सभी सहभागी विभागों, स्थानीय संगठनों और नागरिकों की सराहना करते हुए कहा कि सामूहिक भागीदारी ही धार्मिक और पर्यटन स्थलों की स्वच्छता को स्थायी रूप से बनाए रखने की कुंजी है।
अभियान में प्रमुख उपस्थिति:
अभियान के दौरान नीलकंठ मंदिर के मुख्य पुजारी शिवानंद गिरी जी महाराज, यमकेश्वर की ज्येष्ठ प्रमुख स्वाति देवी, ग्राम प्रधान तोली ऊषा देवी, नीलकंठ व्यापार मंडल अध्यक्ष बृजेश चौहान, सचिव सुमित पंवार, टैक्सी यूनियन अध्यक्ष देवेंद्र राणा, सचिव देवू शर्मा, सामाजिक कार्यकर्ता शिवचरण सिंह रावत, पूर्व प्रधान रविंद्र नेगी, तेजपाल नेगी, अवनीश नौटियाल सहित प्रशासनिक अधिकारी व स्वच्छता कर्मी उपस्थित रहे।
जिला प्रशासन ने सभी श्रद्धालुओं, व्यापारियों और स्थानीय निवासियों से भविष्य में भी कूड़ा केवल निर्धारित स्थानों पर ही डालने की अपील की है।