अल्मोड़ा। उत्तराखंड को सतत विकास के पथ पर आगे बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अल्मोड़ा में आयोजित ‘SDG अचीवर्स अवार्ड’ कार्यक्रम में शिरकत की। इस विशेष समारोह में मुख्यमंत्री ने सतत विकास लक्ष्यों (Sustainable Development Goals) की प्राप्ति के लिए विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले 32 उत्कृष्ट व्यक्तियों और संस्थाओं को सम्मानित किया।इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने राज्य के विकास रोडमैप को दर्शाती पुस्तक ‘अग्रगामी 3.0’ का विमोचन भी किया। कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा और स्थानीय विधायक डॉ. प्रमोद नैनवाल समेत कई वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।इकोलॉजी और इकोनॉमी के समन्वय पर सरकार का जोरकार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सतत विकास की परिभाषा को रेखांकित किया। उन्होंने कहा:”सतत विकास केवल वर्तमान की आवश्यकताओं की पूर्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हमारी आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित, समृद्ध और संतुलित भविष्य का संकल्प भी है। हमारी सरकार प्रदेश में इकोलॉजी (पर्यावरण) और इकोनॉमी (अर्थव्यवस्था) के बीच बेहतर समन्वय के साथ कार्य कर रही है, ताकि विकास की गति भी बनी रहे और प्रकृति का संतुलन भी सुरक्षित रहे।”GEP इंडेक्स लागू करने वाला उत्तराखंड बना देश का पहला राज्यमुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की पर्यावरण संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता को दोहराते हुए एक बड़ी उपलब्धि का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि उत्तराखंड ‘ग्रॉस एनवायरमेंट प्रोडक्ट इंडेक्स’ (GEP) यानी सकल पर्यावरण उत्पाद सूचकांक लागू करने वाला देश का पहला राज्य बन चुका है।यह इंडेक्स राज्य के आर्थिक विकास के साथ-साथ प्राकृतिक संसाधनों और पर्यावरण के स्वास्थ्य को मापने में मदद करेगा, जो देश के अन्य राज्यों के लिए भी एक मिसाल है।मुख्य बिंदु: एक नज़र मेंआयोजन: SDG अचीवर्स अवार्ड कार्यक्रम (अल्मोड़ा)सम्मानित हुए: 32 उत्कृष्ट लोग और संस्थाएंबड़ी घोषणा: GEP इंडेक्स लागू करने वाला देश का पहला राज्य बना उत्तराखंडपुस्तक विमोचन: ‘अग्रगामी 3.0’प्रमुख उपस्थिति: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, विधायक डॉ. प्रमोद नैनवाल।