चारधाम यात्रा 2026: सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर श्रीनगर में ADG ए.पी. अंशुमान ने कसी कमर
श्रीनगर (गढ़वाल): आगामी चारधाम यात्रा को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए उत्तराखंड पुलिस ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। मंगलवार को श्रीनगर में अपर पुलिस महानिदेशक (प्रशासन) ए.पी. अंशुमान ने पुलिस अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में यात्रा मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था से लेकर यातायात प्रबंधन की बारीकियों पर विस्तृत चर्चा की गई।ट्रैफिक प्लान और ‘ब्लैक स्पॉट’ पर विशेष फोकसADG ए.पी. अंशुमान ने यात्रा के दौरान बढ़ने वाले यातायात दबाव को देखते हुए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। बैठक के मुख्य बिंदु निम्नलिखित रहे:यातायात प्रबंधन: भारी भीड़ को देखते हुए रूट डायवर्जन और पार्किंग स्थलों का पहले से निर्धारण।ब्लैक स्पॉट: दुर्घटना संभावित क्षेत्रों (Black Spots) का चिह्नीकरण और वहां सुरक्षात्मक उपाय।तकनीकी निगरानी: पूरे मार्ग पर सीसीटीवी (CCTV) कैमरों के जरिए कंट्रोल रूम से चौबीसों घंटे निगरानी।बैरिकेडिंग: भीड़ नियंत्रण के लिए संवेदनशील स्थानों पर प्रभावी बैरिकेडिंग की व्यवस्था।श्रद्धालुओं के साथ ‘मित्र पुलिस’ का व्यवहारADG ने स्पष्ट किया कि यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा पुलिस की प्राथमिकता है। उन्होंने निर्देश दिए कि:ड्यूटी पर तैनात पुलिस बल यात्रियों के साथ सौहार्दपूर्ण और शालीन व्यवहार करें।मेडिकल और रेस्क्यू टीमों के साथ बेहतर समन्वय (Coordination) स्थापित किया जाए ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत मदद पहुंचाई जा सके।यात्रा मार्गों पर पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित की जाए।”चारधाम यात्रा को निर्बाध रूप से संपन्न कराना हमारी प्राथमिकता है। इसके लिए ट्रैफिक कंट्रोल रूम को पूरी तरह सक्रिय रखा जाएगा और श्रद्धालुओं की सुरक्षा में कोई कोताही नहीं बरती जाएगी।” — ए.पी. अंशुमान, ADG (प्रशासन)आपातकालीन तैयारीबैठक में आपदा प्रबंधन और स्वास्थ्य सेवाओं पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर ‘क्विक रिस्पॉन्स टीम’ (QRT) को अलर्ट मोड पर रखें। यात्रा के मुख्य पड़ावों पर कंट्रोल रूम को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने के निर्देश भी दिए गए हैं ताकि रियल-टाइम सूचना साझा की जा सके।